
टीम ने कैंट बोर्ड को सौंपी जांच रिपोर्ट, प्रधानाध्यापिका ममता गुलेरिया पर गंभीर आरोप का खुलासा, पढ़ें जांच रिपोर्ट
देहरादून,जन केसरी । कैंट प्राथमिक विद्यालय एवं कैंट जूनियर हाई स्कूल, प्रेमनगर में प्रधानमंत्री पोषण (मध्याह्न भोजन) योजना तथा स्कूल प्रबंधन समिति (एसएमसी) के संचालन में वित्तीय एवं प्रशासनिक अनियमितताओं की समेकित जांच रिपोर्ट में तत्कालीन प्रधानाध्यापिका ममता गुलेरिया को अभियुक्त के रूप में नामित किया गया है। शिकायतकर्ता की शिकायत पर गठित विभिन्न जांच समितियों की रिपोर्टों के आधार पर वर्ष 2012 से 2024 के बीच कई गंभीर अनियमितताओं की पुष्टि हुई है। शनिवार को भी टीम स्कूल में गई थी। यहां ममता गुलेरिया से घंटों पूछताछ के बाद तमाम दस्तावेज खंगाले थे। अब टीम ने सोमवार देर शाम को यह रिपोर्ट कैंट बोर्ड देहरादून के सीईओ के समक्ष सबमिट कर दिया है।
रिपोर्ट के अनुसार छात्र उपस्थिति रजिस्टर और मध्याह्न भोजन के रिकॉर्ड में भारी अंतर पाया गया। मार्च 2018 में उपस्थिति रजिस्टर में 1,971 छात्र दर्ज थे, जबकि एमडीएम रिकॉर्ड में संख्या बढ़ाकर 2,612 दर्शाई गई, जिससे सरकारी धन के दुरुपयोग की आशंका जताई गई। कक्षा तीन की उपस्थिति पंजिका में ओवरराइटिंग और अनधिकृत संशोधन भी पाए गए। जांच में खाद्यान्न, विशेषकर चावल के स्टॉक और उपयोग में भी गंभीर विसंगतियां सामने आईं। मार्च 2020 में 1,155 छात्रों के लिए 115.5 किलोग्राम चावल की आवश्यकता थी, जबकि रिकॉर्ड में 356.3 किलोग्राम चावल का उपयोग दिखाया गया। भोजन की मात्रा निर्धारित मानकों के बजाय अनुमान के आधार पर तैयार किए जाने की बात भी जांच में सामने आई। रिपोर्ट में बैंक पासबुक, कैशबुक, लेजर खातों और वास्तविक बिलों के बीच व्यापक अंतर मिलने का उल्लेख किया गया है। साथ ही कई वर्षों तक खातों का समुचित मिलान और प्रभावी ऑडिट नहीं होने की बात भी सामने आई। एसएमसी के गठन और संचालन में भी नियमों के उल्लंघन की पुष्टि हुई। जांच में पाया गया कि एसएमसी अध्यक्ष का कार्यकाल नियमों के विपरीत जारी रखा गया तथा हितों के टकराव जैसी स्थितियां भी बनी रहीं। जांच दल को कई आवश्यक अभिलेख उपलब्ध नहीं कराए गए। रिपोर्ट में तत्कालीन प्रधानाध्यापिका ममता गुलेरिया के कार्यकाल से जुड़े मामलों की विस्तृत वित्तीय जांच, विशेष ऑडिट, भौतिक स्टॉक सत्यापन और बैंक अभिलेखों की जांच कराने की सिफारिश की गई है। साथ ही भविष्य में एसएमसी गठन और मध्याह्न भोजन योजना के संचालन में शासन के नियमों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करने की अनुशंसा की गई है।
तो ममता पर होगी कार्रवाई
शिक्षा विभाग के बाद कैंट बोर्ड द्वारा गठित टीम ने भी पीएम पोषण योजना में हुई धांधली पर मुहर लगा दी है। कैंट बोर्ड कार्यालय में सौंपी गई रिपोर्ट में ममता गुलेरिया पर कई गंभीर आरोप लगाए गए हैं। अब कैंट बोर्ड के अधिकारी कार्रवाई करते हैं या नहीं यह आने वाला समय बतायेगा।




